Sunday, 26 July 2020

बाबा की बिटिया हूं

            बाबा की बिटिया हूं

A daughter having fun with her mommy dad

बाबा के आंगन की चिड़ियां हूं
मां के आंचल में बंधी टिकियां हूं
सारे घर में फुदकती रहती जो,
 वो तितलियां हूं,

 मैं मां की गुड़िया और बाबा की बिटिया हूं......

बाबा के कहानियों की पारियां हूं
मां के लोरियों की चंदनीयां हूं
दद्दू जो बुझा करतें वो पहेलियां हूं

मैं मां की गुड़िया और बाबा की बिटिया हूं.......

मिश्री की मैं तो पुड़िया हूं
मीठे रस से भरी मंदरस की डिबिया हूं
सबको जो भाएं ,वो सोहन मिठईया हूं

मैं मां की गुड़िया और बाबा की बिटिया हूं.......

दीवाली की फुलझरीयां हूं
रजनीगंधा की लड़ियां हूं
हर आंगन में जो रंग भरे, वो रंगोलियां हूं

मैं मां की गुड़िया और बाबा की बिटिया हूं........
 








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