Thursday, 20 August 2020

बड़ी मोहब्बत है मुझे मेरी मोहब्बत से


बड़ी मोहब्बत है मुझे मेरी मोहब्बत से




बड़ी मोहब्बत हैं मुझे मेरी मोहब्बत से
क्योंकी  मोहब्बत से सिर्फ मोहब्बत ही होती है 


चाहे वो मुक्कमल हो या ना हो मोहब्बत तो मोहब्बत ही होती हैं

मोहब्बत में दर्द तो बड़े होतें हैं पर उस दर्द में भी एक मोहब्बत होती है

मोहब्बत में बेचैनी तो बड़ी होती हैं, उस बेचैनी में चैन की मोहब्बत होती है

मोहब्बत को  जितने भी शब्दों में पिरोया जाए,
तब तक समझ में ना आए, जब तक महसूस ना किया जाए

मोब्बत एहसासों से बंधी डोरी हैं ,जो केवल एहसास जुड़ी होती है

बड़ी मोहब्बत हैं मुझे मेरी मोहब्बत से
क्योंकी  मोहब्बत से सिर्फ मोहब्बत ही होती है 

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